Tamil Nadu के Chief Minister M.K. Stalin ने एक बार फिर Delimitation यानी परिसीमन के मुद्दे पर केंद्र सरकार को घेरा है। एक हालिया All-Party Meeting में उन्होंने इसे दक्षिणी राज्यों के लिए “बड़ा खतरा” करार दिया। उनका कहना है कि अगर Lok Sabha सीटों का पुनर्गठन सिर्फ जनसंख्या के आधार पर हुआ, तो इससे Tamil Nadu समेत पूरे दक्षिण भारत की राजनीतिक ताकत कम हो जाएगी।
Stalin ने प्रस्ताव रखा है कि दक्षिणी राज्यों के सांसदों और पार्टी प्रतिनिधियों की एक Joint Action Committee (JAC) बनाई जाए, जो इस मुद्दे पर आगे की रणनीति तय करे। उनका कहना है कि Tamil Nadu की मौजूदा 7.18 प्रतिशत संसदीय हिस्सेदारी को किसी भी सूरत में कम नहीं होने देना चाहिए।
उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि अगर भविष्य में सीटों की संख्या बढ़ानी ही है, तो इसका आधार 1971 की जनगणना होनी चाहिए, न कि मौजूदा जनसंख्या के आंकड़े। इसके लिए उचित Constitutional Amendment की जरूरत होगी। उनका तर्क है कि 1971 Census को अगले 30 साल यानी 2026 से आगे तक आधार बनाए रखा जाना चाहिए, ताकि जिन राज्यों ने Population Control में बेहतर काम किया, उन्हें उसकी सज़ा न मिले।
बैठक में मौजूद ज्यादातर दलों ने Population-Based Delimitation का विरोध करते हुए इसे Federalism और दक्षिणी राज्यों के राजनीतिक प्रतिनिधित्व के अधिकार के लिए खतरा बताया। JAC अब इस मांग को आगे बढ़ाने के साथ-साथ आम जनता के बीच भी इस मुद्दे पर जागरूकता फैलाने का काम करेगी।
आने वाले महीनों में यह मुद्दा राष्ट्रीय राजनीति में और गरमाने की उम्मीद है, क्योंकि कई अन्य दक्षिणी राज्यों के नेता भी अब Stalin की इस मुहिम का समर्थन करते नजर आ रहे हैं।

